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Nagpur में Steroid Addiction ने बिगाड़ी नाबालिग खिलाड़ियों की जिंदगी
Nagpur से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने हर मां-बाप, कोच और खेल से जुड़े लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है। दो नाबालिग खिलाड़ी, जिनके हाथ में बैट और डम्बल होने चाहिए थे, वो चोरी के रास्ते पर निकल पड़े। वजह बनी स्टेरॉइड की खतरनाक लत।
मामला इतना बढ़ गया कि दोनों लड़कों ने मेडिकल स्टोर से करीब ₹90 हजार तक की रकम पार कर दी। शुरू में किसी को यकीन ही नहीं हुआ कि खेल के मैदान में पसीना बहाने वाले बच्चे ऐसा कदम भी उठा सकते हैं। मगर जब CCTV फुटेज सामने आया तो पूरी कहानी खुलकर सामने आ गई।
CCTV ने खोल दी पूरी पोल
बताया जा रहा है कि यह मामला नागपुर के कोतवाली इलाके का है। वहां एक मेडिकल स्टोर मालिक को कई दिनों से कैश कम होने का शक हो रहा था। पहले तो उसे लगा शायद हिसाब-किताब में कोई गलती होगी, लेकिन जब पैसे लगातार गायब होने लगे तो उसने दुकान के CCTV कैमरे चेक किए।
फुटेज देखकर दुकानदार के पैरों तले जमीन खिसक गई। वीडियो में दो लड़के धीरे-धीरे काउंटर से पैसे निकालते नजर आए। इसके बाद पुलिस को खबर दी गई और जांच शुरू हुई।
पुलिस ने जब दोनों लड़कों को पकड़ा और पूछताछ की, तब जो सच सामने आया उसने सबको हैरान कर दिया।
बॉडी बनाने का जुनून बना मुसीबत, दोनों लड़के खिलाड़ी बताए जा रहे हैं। उन्हें जल्दी बॉडी बनाने और मैदान में ज्यादा ताकत दिखाने का शौक था। इसी चक्कर में उन्होंने स्टेरॉइड लेना शुरू कर दिया।
शुरुआत में तो उन्होंने अपने जेब खर्च से दवाइयां खरीदीं, लेकिन धीरे-धीरे आदत इतनी बढ़ गई कि खर्च संभालना मुश्किल हो गया। फिर आसान रास्ता उन्हें चोरी का नजर आया।
Nagpur पुलिस के मुताबिक दोनों लड़के लगातार मेडिकल स्टोर से पैसे निकाल रहे थे और उसी रकम से स्टेरॉइड खरीद रहे थे।
आजकल सोशल मीडिया पर “फटाफट बॉडी बनाओ”, “एक महीने में सिक्स पैक” जैसे वीडियो देखकर कई बच्चे बिना सोचे-समझे ऐसी चीजों की तरफ खिंच जाते हैं। यही चीज इन लड़कों के साथ भी हुई।
आखिर नाबालिगों को स्टेरॉइड मिला कैसे?
इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि आखिर कम उम्र के बच्चों को इतनी आसानी से स्टेरॉइड कौन बेच रहा था?
जानकारी के मुताबिक दोनों लड़के जुनी शुक्रवारी इलाके की एक मेडिकल दुकान से स्टेरॉइड खरीदते थे। अब पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि बिना डॉक्टर की पर्ची के इतनी खतरनाक दवाइयां आखिर कैसे बेची जा रही थीं।
क्योंकि आम तौर पर स्टेरॉइड ऐसी दवाइयां होती हैं जिन्हें डॉक्टर की सलाह के बिना लेना बेहद नुकसानदायक माना जाता है। मगर कुछ जगहों पर पैसे के लालच में नियमों को ताक पर रख दिया जाता है।
धीरे-धीरे उड़ाए गए ₹90 हजार
Nagpur पुलिस जांच में सामने आया कि लड़के एक साथ बड़ी रकम नहीं चुराते थे। वो रोज थोड़ा-थोड़ा पैसा निकालते थे ताकि किसी को जल्दी शक न हो।
मगर कहते हैं ना, चोरी ज्यादा दिन छुपती नहीं। आखिरकार पूरा मामला सामने आ गया और करीब ₹90 हजार की चोरी का खुलासा हुआ।
सोचने वाली बात ये है कि इतनी कम उम्र में बच्चे सिर्फ बॉडी और मसल्स के चक्कर में इस हद तक पहुंच गए कि उन्हें सही-गलत का फर्क भी नजर नहीं आया।
सोशल मीडिया का बढ़ता असर
आजकल हर दूसरा लड़का फिटनेस मॉडल जैसा दिखना चाहता है। Instagram reels और YouTube shorts पर बड़े-बड़े बॉडी बिल्डर्स को देखकर बच्चे भी जल्दी रिजल्ट चाहते हैं।
मगर हकीकत ये है कि स्टेरॉइड शरीर को अंदर से खोखला कर देते हैं। डॉक्टरों के मुताबिक इससे हार्ट, लिवर और दिमाग तक पर बुरा असर पड़ सकता है। कम उम्र में इसका इस्तेमाल हार्मोन सिस्टम को भी बिगाड़ देता है।
लेकिन अफसोस की बात ये है कि सोशल media पर इसके साइड इफेक्ट्स कम और “फायदे” ज्यादा दिखाए जाते हैं।
मां-बाप और कोच को रहने की जरूरत है सतर्क. यह मामला हर पैरेंट्स के लिए एक बड़ा सबक है। अगर बच्चा अचानक बहुत ज्यादा जिम, सप्लीमेंट या बॉडी बनाने की बातें करने लगे तो उस पर ध्यान देना जरूरी है।
कई बार बच्चे दोस्तों या गलत ट्रेनर्स के कहने पर ऐसे कदम उठा लेते हैं। शुरुआत सिर्फ फिटनेस से होती है, लेकिन बाद में मामला लत और जुर्म तक पहुंच जाता है।
कोच और परिवार अगर समय रहते बच्चों को सही गाइडेंस दें तो शायद ऐसे मामलों को रोका जा सकता है।
Nagpur पुलिस अब बड़े नेटवर्क की तलाश में
फिलहाल पुलिस ने दोनों नाबालिगों से पूछताछ की है और आगे की जांच जारी है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि शहर में Steroid Supply का कोई बड़ा नेटवर्क तो काम नहीं कर रहा। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि कहीं और युवा तो इस खतरनाक आदत में नहीं फंसे हुए।
एक छोटी गलती, बड़ा नुकसान, Nagpur की यह घटना सिर्फ चोरी की खबर नहीं है। यह उस दबाव की कहानी है जिसमें आज का युवा फंसता जा रहा है। हर कोई जल्दी रिजल्ट चाहता है, जल्दी बॉडी चाहता है, जल्दी नाम कमाना चाहता है।
लेकिन शॉर्टकट हमेशा सही रास्ता नहीं होता। स्टेरॉइड कुछ दिनों की बॉडी तो बना सकते हैं, मगर जिंदगी बर्बाद भी कर सकते हैं।
जरूरत इस बात की है कि बच्चों को समझाया जाए कि असली ताकत मेहनत, सही डाइट और सब्र में होती है, ना कि किसी खतरनाक इंजेक्शन या गोली में।
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