Skip to content

Nagpur में FDA का बड़ा एक्शन, 419 किलो Ban Tobacco जब्त, 6 लाख का माल बरामद

Nagpur में FDA का बड़ा एक्शन, 419 किलो प्रतिबंधित तंबाकू जब्त, 6 लाख का माल बरामद

Maharashtra में तंबाकू माफियाओं पर शिकंजा

Nagpur में खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों और Ban Tobacco उत्पादों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए भारी मात्रा में सुगंधित तंबाकू जब्त किया है। इस कार्रवाई में करीब 419 किलोग्राम प्रतिबंधित सुगंधित तंबाकू बरामद किया गया, जिसकी बाजार कीमत लगभग 6 लाख रुपये बताई जा रही है। FDA की इस कार्रवाई के बाद अवैध तंबाकू कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है।

सोमवार को FDA Nagpur उत्पादों का भंडारण किया जा रहा है। सूचना के आधार पर टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी अजहर इकबाल रहमान कुरैशी के घर पर दबिश दी। जांच के दौरान वहां से बड़ी मात्रा में सुगंधित तंबाकू बरामद हुआ।

घर में छिपाकर रखा गया था प्रतिबंधित माल

FDA अधिकारियों के मुताबिक आरोपी अपने घर को ही अवैध गोदाम की तरह इस्तेमाल कर रहा था। छापेमारी के दौरान टीम को अलग-अलग पैकेटों और बोरियों में रखा हुआ सुगंधित तंबाकू मिला। जब्त किए गए माल का कुल वजन करीब 419 किलोग्राम निकला।

प्राथमिक जांच में सामने आया है कि यह तंबाकू महाराष्ट्र में लागू प्रतिबंध के बावजूद संग्रहित किया गया था। अधिकारियों को शक है कि यह माल आगे बाजार में सप्लाई किया जाना था। फिलहाल इस पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि तंबाकू कहां से लाया गया था और किन लोगों तक इसकी सप्लाई की जानी थी।

FDA अधिकारियों का कहना है कि प्रतिबंधित तंबाकू उत्पादों का कारोबार केवल कानून का उल्लंघन ही नहीं बल्कि जनस्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा है। यही वजह है कि विभाग लगातार ऐसे कारोबारियों पर नजर बनाए हुए है।

पांच पावली पुलिस स्टेशन में दर्ज हुई FIR

कार्रवाई के बाद FDA अधिकारियों ने आरोपी के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों के भंडारण और बिक्री से जुड़े प्रावधानों के तहत आरोपी के खिलाफ पांच पावली पुलिस थाने में FIR दर्ज कराई गई है।

पुलिस अब मामले की विस्तृत जांच कर रही है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि आरोपी अकेले इस कारोबार में शामिल था या इसके पीछे कोई बड़ा गिरोह सक्रिय है। यदि जांच में अन्य लोगों की भूमिका सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है।

कानून विशेषज्ञों के अनुसार प्रतिबंधित तंबाकू उत्पादों के भंडारण, परिवहन और बिक्री को लेकर महाराष्ट्र में कड़े नियम लागू हैं। ऐसे मामलों में दोषी पाए जाने पर जुर्माने के साथ-साथ जेल की सजा का भी प्रावधान है।

महाराष्ट्र में क्यों प्रतिबंधित हैं ऐसे तंबाकू उत्पाद?

महाराष्ट्र सरकार ने स्वास्थ्य संबंधी गंभीर चिंताओं को देखते हुए कई प्रकार के सुगंधित तंबाकू और गुटखा उत्पादों पर प्रतिबंध लगाया हुआ है। चिकित्सा विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे उत्पादों का सेवन मुंह के कैंसर, गले के कैंसर और अन्य गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है।

राज्य सरकार और स्वास्थ्य विभाग समय-समय पर लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान भी चलाते हैं। इसके बावजूद कुछ कारोबारी अधिक मुनाफे के लालच में प्रतिबंधित उत्पादों का अवैध कारोबार जारी रखते हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि युवाओं में ऐसे उत्पादों की बढ़ती लत चिंता का विषय है। इसलिए केवल जब्ती और कानूनी कार्रवाई ही नहीं बल्कि जागरूकता अभियान भी उतने ही जरूरी हैं।

तुकाराम मुंडे के आते ही तेज हुई राज्यव्यापी कार्रवाई

महाराष्ट्र में इन दिनों FDA की कार्रवाई खास चर्चा में है। इसकी बड़ी वजह हाल ही में चर्चित प्रशासनिक अधिकारी तुकाराम मुंडे का महाराष्ट्र FDA कमिश्नर का पद संभालना माना जा रहा है।

तुकाराम मुंडे अपनी सख्त कार्यशैली और भ्रष्टाचार तथा अवैध गतिविधियों के खिलाफ कड़े रुख के लिए जाने जाते हैं। उनके कार्यभार संभालने के बाद राज्यभर में एक साथ कई जगहों पर छापेमारी अभियान चलाए जा रहे हैं।

सूत्रों के अनुसार नागपुर सहित कई शहरों में प्रतिबंधित तंबाकू, गुटखा और अन्य अवैध खाद्य पदार्थों के कारोबारियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। विभाग को उम्मीद है कि इन कार्रवाइयों से अवैध कारोबार पर प्रभावी रोक लगेगी।

FDA की ताबड़तोड़ छापेमारी से ऐसे कारोबारियों में बेचैनी बढ़ गई है। कई जगहों पर कारोबारी अपने अवैध स्टॉक को हटाने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि विभाग लगातार निगरानी बनाए हुए है।

जनस्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

FDA अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंधित तंबाकू उत्पादों के खिलाफ उनका अभियान आगे भी जारी रहेगा। विभाग का कहना है कि जनस्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

अधिकारियों ने नागरिकों से भी अपील की है कि यदि उन्हें कहीं प्रतिबंधित तंबाकू या गुटखे की बिक्री की जानकारी मिले तो तुरंत प्रशासन को सूचित करें। लोगों के सहयोग से ही ऐसे अवैध कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।

नागपुर में हुई यह कार्रवाई इस बात का संकेत है कि राज्य सरकार और FDA अब अवैध तंबाकू कारोबार के खिलाफ पहले से कहीं ज्यादा सख्त रुख अपनाने जा रहे हैं। आने वाले दिनों में राज्य के अन्य जिलों में भी इसी तरह की बड़ी कार्रवाई देखने को मिल सकती है।

फिलहाल FDA की इस कार्रवाई को नागपुर में प्रतिबंधित तंबाकू के खिलाफ हाल के समय की सबसे महत्वपूर्ण कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि जांच में और कौन-कौन से नाम सामने आते हैं और प्रशासन इस पूरे नेटवर्क के खिलाफ क्या कदम उठाता है।

यह भी पढ़ें –

Nagpur Police: बेकरी की आड़ में चल रहा था इंटरस्टेट ई-सिगरेट Racket, 8.78 लाख रुपये कीमत की विदेशी ई-सिगरेट बरामद

Nagpur Police का Big ऑपरेशन, किराए के फ्लैट से 7.5 किलो MD Drugs जब्त